Regaal Resources IPO ने मचाई धूम, सिर्फ एक घंटे में हुआ फुल सब्सक्राइब! Regaal Resources Ltd, जो भारत की सबसे बड़ी maize-based speciality products बनाने वाली कंपनियों में से एक है, का IPO मंगलवार, 12 अगस्त को खुलते ही सिर्फ एक घंटे में पूरी तरह सब्सक्राइब हो गया। NSE की वेबसाइट के आंकड़ों के अनुसार, दिन के पहले कुछ घंटों में ही इस IPO के लिए 1.36 गुना सब्सक्रिप्शन दर्ज हुआ है। कुल 2,85,81,984 शेयरों के लिए बोली लगी, जबकि ऑफर में कुल 2,09,99,664 शेयर उपलब्ध थे। इस IPO का कुल आकार ₹360 करोड़ है, जिसका प्राइस बैंड ₹96 से ₹102 प्रति शेयर रखा गया है। इस IPO में नए इश्यू के तहत ₹210 करोड़ के नए इक्विटी शेयर जारी किए गए हैं, वहीं ऑफर फॉर सेल (OFS) के तहत प्रमोटर्स Anil Kishorepuria, Shruti Kishorepuria, SRM Private Limited और BFL Private Limited ने कुल 94.12 लाख शेयरों की बिक्री की, जिनकी कीमत ₹96 करोड़ के आसपास है। इस फ्रेश इक्विटी इश्यू में से ₹159 करोड़ का उपयोग कंपनी अपने कर्ज की चुकौती या पूर्व भुगतान के लिए करेगी। IPO की लॉट साइज़ 144 शेयरों की है और इसके बाद इसके मल्टीपल्स में शेयर आवंटित होंगे। ऑफर के 50% शेयर क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIBs) के लिए रिजर्व किए गए हैं, जबकि 15% शेयर नॉन-इंस्टीट्यूशनल निवेशकों के लिए और 35% शेयर रिटेल निवेशकों के लिए रखे गए हैं। सब्सक्रिप्शन की अवधि 12 अगस्त से 14 अगस्त तक है। आधार आवंटन 18 अगस्त को होगा और रिफंड की प्रक्रिया 19 अगस्त से शुरू होगी
शेयरों का क्रेडिट 19 अगस्त को डिमैट अकाउंट में होगा और लिस्टिंग 20 अगस्त को NSE और BSE पर संपन्न होगी। IPO से पहले, सोमवार को कंपनी ने एंकर निवेशकों से लगभग ₹91.79 करोड़ जुटाए। इस सूची में Taurus Mutual Fund, Meru Investment Fund PCC-Cell 1, Benami Capital, VPK Global Ventures Fund, Authum Investment and Infrastructure Fund, Holani Venture Capital Fund और Sunrise Investment Opportunities Fund जैसे बड़े निवेशक शामिल थे। Regaal Resources का मुख्य व्यवसाय zero liquid discharge maize milling plant चलाना है। यह कंपनी खाद्य उत्पादों, पशु आहार, कागज और चिपकने वाले पदार्थों के लिए कच्चा माल सप्लाई करती है। इसके ग्राहक भारत के अलावा बांग्लादेश और नेपाल जैसे एक्सपोर्ट मार्केट्स में भी फैले हुए हैं। वित्तीय प्रदर्शन की बात करें तो कंपनी ने FY25 में ₹915.16 करोड़ का रेवेन्यू रिपोर्ट किया, जो FY24 के ₹600.02 करोड़ से 52.5% अधिक है। नेट प्रॉफिट भी दोगुना से ज्यादा बढ़कर ₹47.67 करोड़ हो गया, जबकि FY24 में यह ₹22.14 करोड़ था। मार्च 2025 तक कंपनी का कुल कर्ज ₹570 करोड़ था। IPO के ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) की बात करें तो मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार Regaal Resources के अनलिस्टेड शेयर ₹125 प्रति शेयर पर ट्रेड हो रहे हैं, जो प्राइस बैंड के ऊपरी स्तर ₹102 से लगभग 22.55% अधिक है
हालांकि, GMP एक अनौपचारिक संकेतक माना जाता है और इसे SEBI या स्टॉक एक्सचेंजों द्वारा नियंत्रित नहीं किया जाता। Regaal Resources के इस IPO को लेकर निवेशकों और बाजार के बीच उत्साह साफ नजर आ रहा है। कंपनी के मजबूत वित्तीय प्रदर्शन, कर्ज प्रबंधन और विशेषता क्षेत्र में नेतृत्व की वजह से यह IPO निवेशकों के लिए आकर्षक विकल्प माना जा रहा है। आगामी लिस्टिंग पर इस शेयर की नजर बनी रहेगी, क्योंकि ग्रे मार्केट प्रीमियम और सब्सक्रिप्शन की रफ्तार से उम्मीद जताई जा रही है कि यह शेयर लिस्टिंग पर अच्छी बढ़त बना सकता है। इस IPO के माध्यम से Regaal Resources अपनी पूंजी संरचना मजबूत करने के साथ-साथ कर्ज कम कर कंपनी के दीर्घकालिक विकास के लिए बेहतर स्थिति में आना चाहता है। भारतीय स्टॉक मार्केट में maize आधारित उत्पादों के क्षेत्र में यह पहला बड़ा IPO है, जो निवेशकों के लिए नए अवसर प्रस्तुत करता है। कुल मिलाकर, Regaal Resources IPO ने निवेशकों का ध्यान आकर्षित किया है और शुरुआती सब्सक्रिप्शन के आंकड़े इसकी लोकप्रियता को दर्शाते हैं। 20 अगस्त को सूचीबद्ध होने के बाद इस स्टॉक पर निवेशकों की नजरें और बढ़ेंगी