सोने की किमतों में सोमवार, 21 जुलाई 2025 को एक महत्वपूर्ण बढ़ोतरी देखी गई है। देश भर में सभी प्रमुख करट कैटेगरी में सोने की कीमतों ने मजबूती दिखाई है। 24K, 22K और 18K सोने की किमतों में बढ़ोतरी ने निवेशकों का ध्यान फिर से इस कीमती धातु की तरफ आकर्षित किया है, जो वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं और घरेलू मांग के बीच एक भरोसेमंद निवेश विकल्प के रूप में उभरा है। खास बात यह है कि यह तेजी देश में चल रहे त्योहारों और शादी के सीजन के ठीक पहले आई है, जिससे सोने की मांग और भी बढ़ने की उम्मीद की जा रही है। बाजार के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, 24K सोना प्रति ग्राम ₹11 की बढ़त के साथ ₹10,015 पर पहुंच गया है। वहीं, 22K सोने की कीमत ₹10 प्रति ग्राम बढ़कर ₹9,180 हो गई है। 18K सोने की दर भी ₹8 प्रति ग्राम बढ़कर ₹7,511 हो गई है। यह सभी बढ़ोतरी देश के प्रमुख शहरों में एक समान देखी गई है, जो इस समय सोने के बाजार में तेजी का स्पष्ट संकेत है। देश के प्रमुख महानगरों में सुबह 10:38 बजे के आंकड़ों के अनुसार, मुंबई, चेन्नई, बैंगलोर, हैदराबाद और केरल में 22K सोना ₹9,180 प्रति ग्राम और 24K सोना ₹10,015 प्रति ग्राम पर ट्रेड कर रहा था। दिल्ली में सोने की कीमतें थोड़ा अधिक हैं, जहां 22K सोना ₹9,195 और 24K सोना ₹10,030 प्रति ग्राम पर कारोबार कर रहा था
यह अंतर दर्शाता है कि दिल्ली में सोने की मांग और बाजार की स्थिति अन्य शहरों से कुछ अधिक सक्रिय है। पिछले कुछ दिनों के सोने के भाव पर नजर डालें तो यह तेजी स्पष्ट होती है। 20 जुलाई को 24K सोने की कीमत ₹10,004 थी, जो 19 जुलाई को ₹9,993 और 18 जुलाई को ₹9,934 थी। इसी तरह, 22K सोना 20 जुलाई को ₹9,170, 19 जुलाई को ₹9,160 और 18 जुलाई को ₹9,106 प्रति ग्राम था। यह लगातार बढ़ती कीमतें दर्शाती हैं कि बाजार में सोने को लेकर निवेशकों का विश्वास मजबूत हो रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस समय सोने की कीमतों में यह उछाल वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं, महंगाई दर में तेजी और केंद्रीय बैंकों की नीतियों में संभावित बदलावों के कारण है। इसके अलावा, वर्तमान में चल रहे त्योहारों और शादी के मौसम में पारंपरिक रूप से सोने की मांग बढ़ जाती है, जो इस तेजी को और मजबूती प्रदान करती है। सोना एक सुरक्षित निवेश माना जाता है, खासकर जब बाजार में उतार-चढ़ाव होता है, इसलिए निवेशक इसे अपना भरोसेमंद विकल्प चुनते हैं। वैश्विक स्तर पर मुद्रास्फीति की चिंता, केंद्रीय बैंकों द्वारा ब्याज दरों में बदलाव और भू-राजनीतिक तनाव जैसी घटनाएं भी सोने के मूल्य को स्थिर और उच्च बनाए रखने में मदद कर रही हैं। ऐसे में आगामी महीनों में सोने की कीमतों में और वृद्धि की संभावना बनी हुई है
निवेशक और उपभोक्ता दोनों ही इस पर नजर बनाए हुए हैं क्योंकि सोना न सिर्फ आर्थिक सुरक्षा प्रदान करता है, बल्कि सांस्कृतिक और सामाजिक महत्व भी रखता है। अतः यह कहना गलत नहीं होगा कि वर्तमान में सोने के बाजार में जो तेजी देखी जा रही है, वह केवल मौसमी मांग का परिणाम नहीं बल्कि आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच निवेशकों के सुरक्षित विकल्प की तलाश का भी प्रतिबिंब है। निवेशक, ज्वैलर्स और उपभोक्ता इस समय सोने की कीमतों को लेकर सतर्क नजर आते हैं और आने वाले समय में इस मांग के और बढ़ने की संभावना है। सोने की कीमतों में यह मजबूती देश के आर्थिक परिदृश्य और वैश्विक आर्थिक माहौल दोनों का प्रतिबिंब भी है। इस तेजी के बीच, निवेशकों को सोने के बाजार की गतिविधियों पर लगातार नजर रखनी चाहिए क्योंकि यह जल्द ही और अधिक उतार-चढ़ाव का रूप ले सकता है। फिलहाल, 24K सोना ₹10,000 के पार पहुंच चुका है, जो आर्थिक स्थिरता के संकेत के रूप में देखा जा रहा है और यह निवेशकों के लिए एक सकारात्मक संकेत भी है