SEBI की कड़ी कार्रवाई के बाद भी लोकप्रिय finfluencer Avadhut Sathe ने साफ किया है कि उनका Karjat Trading Academy बिना किसी रुकावट के काम करता रहेगा और वे किसी भी तरह का stock advisory या trading tips नहीं देते। सोशल मीडिया पर ‘market guru’ के नाम से मशहूर Sathe के पास 9.36 लाख से अधिक YouTube subscribers हैं और उन्होंने अपनी ट्रेडिंग अकादमी के जरिए बड़े पैमाने पर रिटेल इन्वेस्टर्स को आकर्षित किया है। SEBI ने Sathe के Karjat स्थित ट्रेडिंग अकादमी में दो दिनों तक search और seizure ऑपरेशन किया था, जिसके बाद यह विवाद सामने आया कि कहीं वे बिना अनुमति के निवेश सलाह तो नहीं दे रहे हैं। इस घटना के तुरंत बाद Sathe ने एक वीडियो जारी कर स्पष्ट किया कि SEBI की जांच के दौरान उन्होंने पूरी तरह से सहयोग किया है और उनकी अकादमी में होने वाली सभी क्लासेस और सेशन्स बिना किसी बदलाव के चल रही हैं। उन्होंने पूछा, “क्या यहां किसी को कोई advisory service मिलती है? क्या कोई tips मिलती हैं?” जिस पर वहां मौजूद सभी प्रतिभागियों ने जोर से “नहीं” कहा। Sathe ने कहा, “हां, SEBI हमारी Karjat Gurukul residential facility में आई थी यह जांचने के लिए कि क्या हम कोई advisory service दे रहे हैं, और आप सभी जानते हैं कि हम ऐसा नहीं करते। ” उन्होंने यह भी जोड़ा कि उनकी अकादमी के सभी modules और sessions योजना के अनुसार ही चल रहे हैं और कोई बदलाव नहीं हुआ है। यह मामला तब सार्वजनिक हुआ जब SEBI ने वित्तीय सलाहकारों और finfluencers पर कड़ी नजर रखना शुरू किया है, खासकर उन पर जो बिना अनुमति के निवेश सलाह देते हैं या निवेशकों से गारंटीड रिटर्न का दावा करते हैं। SEBI के सदस्य Kamlesh Varshney ने एक FICCI कार्यक्रम में स्पष्ट किया कि जो भी वित्तीय सलाहकार investment tips या assured returns देते हैं, उन्हें SEBI की रजिस्ट्री करनी अनिवार्य है। इसके अलावा, live market data का उपयोग करते हुए शिक्षण सत्र चलाने वाले भी SEBI से मंजूरी लेना जरूरी है
वहीं, जो वास्तविक शिक्षक निवेशकों को जागरूकता बढ़ाने के लिए काम करते हैं, उन्हें रजिस्ट्री की जरूरत नहीं होती। Avadhut Sathe ने इस मामले को लेकर व्यापक ध्यान आकर्षित किया है क्योंकि उनके YouTube चैनल पर कई निवेशक सफलता की कहानियां साझा की जाती हैं, जिनमें एक गृहिणी ने तीन महीनों में 50 प्रतिशत रिटर्न हासिल किया और दूसरी ने 2.5 वर्षों में एक करोड़ रुपये से अधिक कमाई की। 2023 में उनका एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें वे पुणे की अपनी अकादमी में लाइव मार्केट टिकर के सामने डांस करते दिखाए गए थे। इस वीडियो को नेटिज़न्स ने मजाक का विषय बनाया था, लेकिन वहां मौजूद छात्रों ने इसे उत्सव की तरह मनाया था। SEBI की यह कार्रवाई एक बड़े संकेत के तौर पर देखी जा रही है कि वे वित्तीय सलाहकारों और finfluencers की गतिविधियों पर सख्ती बरत रहे हैं, ताकि निवेशकों को गलत सूचनाओं और धोखाधड़ी से बचाया जा सके। Sathe की अकादमी पर हुई छापेमारी इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। हालांकि, Sathe ने बार-बार यह दावा किया है कि वे अपने शिक्षण सत्रों में सिर्फ निवेशकों को मार्केट की समझ विकसित करने पर ध्यान केंद्रित करते हैं और किसी भी तरह की ट्रेडिंग सलाह या टिप्स नहीं देते। उन्होंने यह भी कहा कि वे पूरी तरह से SEBI के साथ सहयोग कर रहे हैं और भविष्य में भी करेंगे। यह घटना भारतीय शेयर बाजार के लिए एक चेतावनी के रूप में देखी जा रही है कि regulator अब finfluencers की गतिविधियों पर कड़ी नजर रख रहा है, खासकर उन पर जो बिना लाइसेंस के निवेश सलाह देते हैं। इससे निवेशकों को सावधान रहने और प्रमाणित स्रोतों से ही सलाह लेने की जरूरत और बढ़ गई है
इस पूरे मामले में Karjat Trading Academy के छात्र और समर्थक Sathe के साथ खड़े दिख रहे हैं और उनका कहना है कि उन्होंने कभी भी कोई गैरकानूनी गतिविधि नहीं देखी। वहीं SEBI की जांच जारी है और आने वाले दिनों में इस मामले पर और अपडेट आने की उम्मीद है। यह घटना भारतीय वित्तीय शिक्षा और निवेश के क्षेत्र में finfluencers की भूमिका पर भी सवाल खड़े करती है, जहां सोशल मीडिया के प्रभाव से लाखों निवेशक आकर्षित हो रहे हैं। SEBI की इस कार्रवाई से यह स्पष्ट हो गया है कि regulator निवेशकों के हित में कड़ी कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगा