भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को निवेशकों की चिंता और निराशा साफ झलक रही थी, क्योंकि अमेरिकी सरकार ने भारत से आयातित वस्तुओं पर 50% टैरिफ बढ़ा दिया है, जो बुधवार से लागू हो गया। इस फैसले के बाद से बाजार में बिकवाली का दबाव बढ़ गया और प्रमुख सूचकांक लगातार दूसरे दिन गिरावट के साथ बंद हुए। SENSEX दिन के दौरान 774 अंक तक गिरा और अंत में 706 अंक की गिरावट के साथ 80,080.57 पर बंद हुआ। वहीं, NIFTY50 भी 211 अंक टूटकर 24,500.90 पर बंद हुआ। इस भारी बिकवाली में बैंकिंग और आईटी सेक्टर के दिग्गज कंपनियों के शेयरों में सबसे अधिक गिरावट देखी गई। HDFC Bank, ICICI Bank, Infosys, Bharti Airtel और Tata Consultancy Services के शेयरों में तेज दबाव रहा, जिसने बाजार की कमजोरी को और बढ़ा दिया। NIFTY50 के अंदर Shriram Finance सबसे ज्यादा नुकसान उठाने वाली कंपनी रही, जिसके शेयर 3.94% गिरकर ₹571.25 पर बंद हुए। इसके अलावा HCL Technologies, Power Grid, Tata Consultancy Services और Tata Consumer Products के शेयर भी 1.8% से 2.85% के बीच नीचे बंद हुए। वहीं, इस नकारात्मक माहौल के बीच Titan, Coal India, Hero MotoCorp, Larsen & Toubro और Maruti Suzuki जैसे कुछ शेयरों में खरीदारी देखी गई, जो बाजार के कुछ मजबूती के संकेत थे। मिडकैप शेयरों की बात करें तो NIFTY Midcap 100 में भी भारी गिरावट दर्ज हुई
यह सूचकांक 719 अंक यानी 1.27% गिरकर 56,047 पर बंद हुआ। इस में से 86 शेयर नीचे और केवल 14 शेयर ऊपर बंद हुए। Adani Total Gas इस सेक्टर में सबसे बड़ा नुकसान उठाने वाला था, जो 7.2% टूटकर ₹589.90 पर बंद हुआ। इसके अलावा Aditya Birla Fashion and Retail, IRB Infra, Bharti Hexacom और Page Industries के शेयर भी 3.53% से 5.66% तक नीचे आए। हालांकि, Ola Electric ने मिडकैप सेक्टर में चमक दिखाई और यह सबसे अधिक बढ़ने वाला शेयर रहा। कंपनी के Gen 3 स्कूटर पोर्टफोलियो के लिए Production Linked Incentive (PLI) सर्टिफिकेशन मिलने की खबर के चलते Ola Electric के शेयर 8% बढ़कर ₹54.90 पर बंद हुए। यह सर्टिफिकेशन Automotive Research Association of India (ARAI) द्वारा दिया गया है, जो कंपनी के सात मॉडल्स को कवर करता है। इससे Ola Electric की मुनाफाखोरी में आगामी वित्तीय वर्ष के दूसरे क्वार्टर से सुधार की उम्मीद जताई जा रही है। Waaree Energies के शेयर भी 4% बढ़े, क्योंकि कंपनी के अमेरिकी शाखा Waaree Solar Americas को 425 मेगावाट का सोलर मॉड्यूल सप्लाई ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर अमेरिका के एक प्रमुख डेवलपर और ऑपरेटर से आया है, जो बड़े स्तर पर सोलर और ऊर्जा स्टोरेज प्रोजेक्ट्स करता है
इसके अतिरिक्त Kalyan Jewellers, Petronet LNG और Voltas के शेयर भी 0.97% से 2.4% तक बढ़े। निफ्टी स्मॉलकैप 100 भी बिकवाली के दबाव में रहा और यह 254 अंक यानी 1.45% गिरकर 17,294 पर बंद हुआ। इसमें 82 शेयर कमजोर हुए जबकि केवल 18 शेयर बढ़े। Poonawalla Fincorp सबसे अधिक गिरने वाला शेयर रहा, जो 5.58% टूटकर ₹427.45 पर बंद हुआ। Brainbees Solutions, CESC, Shyam Metalics और Sagility India के शेयर भी 3.76% से 5.2% तक नीचे आए। वहीं, Action Construction Equipment ने स्मॉलकैप इंडेक्स में बढ़त दर्ज की और यह सबसे अधिक बढ़ने वाला शेयर रहा, जो 2.33% बढ़कर ₹1,067.10 पर बंद हुआ। Swan Energy, RK Forgings, Bata India और Brigade Enterprises के शेयर भी 1.15% से 1.82% के बीच बढ़े। इस प्रकार, अमेरिकी टैरिफ में बढ़ोतरी और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं के चलते भारतीय शेयर बाजार में व्यापक बिकवाली देखने को मिली। निवेशकों की धारणा नकारात्मक रही, खासकर उन सेक्टर्स में जिनका अमेरिकी बाजार से सीधा संबंध है। बाजार की यह कमजोरी अगले कुछ सत्रों में भी बनी रह सकती है, जिससे सावधानी जरूरी हो गई है