Mangal Electrical Limited का IPO पहले दिन निवेशकों की कम रूचि के कारण निराशाजनक प्रदर्शन करता दिखा। ₹520.00 करोड़ के इस इश्यू के लिए पहले दिन 5:04:49 बजे तक मात्र 0.57 गुना सब्सक्रिप्शन हुआ, जो कि कंपनी के प्रति बाजार में सतर्कता और कम विश्वास को दर्शाता है। Mangal Electrical के शेयर की प्राइस बैंड ₹531 से ₹561 प्रति शेयर तय की गई थी, लेकिन निवेशकों ने इस इश्यू में सीमित भागीदारी दिखाई। पहले दिन के आंकड़ों के अनुसार, Non-Institutional Investors (NII) ने सबसे अधिक सब्सक्रिप्शन दिया, जो केवल 0.76 गुना रहा। वहीं, Retail Investors ने भी 0.74 गुना ही सब्सक्रिप्शन में हिस्सा लिया। Qualified Institutional Buyers (QIB) जिन्होंने एंकर निवेशकों को छोड़कर हिस्सा लिया, उनका सब्सक्रिप्शन मात्र 0.13 गुना रहा, जो संस्थागत निवेशकों की ओर से काफी कम रुचि का संकेत है। एंकर निवेशकों ने पूरी हिस्सेदारी 1.00 गुना सब्सक्रिप्शन के साथ पूरी की, लेकिन बाकी निवेशकों की अनिच्छा के कारण कुल मिलाकर IPO का प्रदर्शन कमजोर रहा। पहले दिन कुल 61,141 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से कुल बिड राशि ₹159.63 करोड़ रही, जबकि कुल इश्यू साइज ₹520 करोड़ था। इसका मतलब है कि निवेशकों ने केवल आधे से भी कम भाग का ही आवेदन किया, जो IPO की सफलता के लिए चिंता का विषय माना जा रहा है। Mangal Electrical Industries Limited, जो 2008 में स्थापित हुई, विद्युत उपकरणों के निर्माण में विशेषज्ञ है
यह कंपनी ट्रांसफॉर्मर, CRGO स्लिट कॉयल्स, अमोर्फस कोर, कॉयल और कोर असेंबली तथा ऑयल-इमर्स्ड सर्किट ब्रेकर जैसे उत्पाद बनाती है। कंपनी की पांच उत्पादन सुविधाएं राजस्थान में स्थित हैं और यह “Mangal Electrical” ब्रांड के तहत भारत के बिजली वितरण और ट्रांसमिशन सेक्टर को सेवाएं प्रदान करती है। IPO के पहले दिन के आंकड़ों में खास बात यह रही कि छोटे और मझोले HNI यानी sNII सेक्शन ने 1.02 गुना सब्सक्रिप्शन दर्ज किया, जो कि इस सेगमेंट में अच्छी मांग को दर्शाता है। हालांकि, बड़े HNI (bNII) ने केवल 0.62 गुना सब्सक्रिप्शन में हिस्सा लिया, जो इस वर्ग की धीमी रुचि को दर्शाता है। कुल मिलाकर, कंपनी के IPO को लेकर निवेशकों का उत्साह सीमित रहा, खासकर संस्थागत निवेशकों के बीच। Mangal Electrical IPO की यह धीमी शुरुआत इस बात का संकेत देती है कि निवेशक इस इलेक्ट्रिकल उपकरण निर्माता कंपनी के भविष्य को लेकर अभी पूरी तरह आश्वस्त नहीं हैं। बाजार में प्रतिस्पर्धा, कंपनी की वित्तीय स्थिति और उद्योग में मौजूदा चुनौतियां इस सब्सक्रिप्शन की धीमी गति के पीछे मुख्य कारण माने जा सकते हैं। कंपनी के प्राइस बैंड के हिसाब से निवेशकों ने सीमित पूंजी निवेश किया है। IPO के पहले दिन के आंकड़ों से यह भी साफ है कि रिटेल निवेशकों का भरोसा अभी भी कमजोर है, जो 0.74 गुना सब्सक्रिप्शन के आंकड़े से जाहिर होता है। इसे देखते हुए, IPO के अगले दिनों में निवेशकों की भागीदारी में बदलाव आना जरूरी होगा ताकि इश्यू सफल हो सके
संक्षेप में कहा जाए तो Mangal Electrical Limited का IPO शुरुआती दौर में अपेक्षित उत्साह नहीं जुटा पाया है। ₹520 करोड़ के इश्यू के लिए मात्र 0.57 गुना सब्सक्रिप्शन का आंकड़ा इस बात की ओर इशारा करता है कि निवेशक इस कंपनी के शेयरों को लेकर फिलहाल सतर्क हैं। संस्थागत निवेशकों की ओर से कम रुचि और रिटेल निवेशकों की सीमित भागीदारी से यह साफ है कि Mangal Electrical IPO को मजबूती से खड़ा होने के लिए और अधिक निवेशकों को आकर्षित करना होगा। आने वाले दिनों में इस IPO के सब्सक्रिप्शन की स्थिति को लेकर बाजार की निगाहें टिकी रहेंगी, क्योंकि पहला दिन निवेशकों के मनोबल और कंपनी के प्रति भरोसे का एक अहम संकेतक होता है। Mangal Electrical के लिए यह चुनौतीपूर्ण शुरुआत है, जो भविष्य में कंपनी के लिए पूंजी जुटाने की प्रक्रिया को प्रभावित कर सकती है